ये घुंगरवाले बाल

(तर्ज : सरपे टोपी लाल... )
ये घूंगरवाले बाल, जलेंगे गोरे-काले गाल, वो तूने क्या समझा ?
सभी बदन का हाल, जवानी बजा रही बेताल ।। वो तूने 0 ।।टेक।।
मेरी बात मानोना, इसे तुमने क्या जाना, अकल में मख्खी परी ।
सपना जिन्दगी तेरी, कहता तू मेरी-मेरी, सिरपे चलेगी छूरी ।।
मतकर ऐसे ख्याल, सिरपर नाच रहा है काल ।। वो तूने0 ।।१।।
रहेगा न ये बाना,फिरता हैं क्यों दिवाना,मेरे भैय्या मेरे नाना ।
साधले जीवन अपना,चाहता है क्योंकर खोना,मिटा दे प्यारे रोना ।।
साधले सत्संग, तोड ये सब झंझट की भंग ।। वो तूने0 ।।२।।
देख जरा होश लेके ,सीखना तो सीख बाँके,पूंछ बड़ों को भी जाके ।
कैसे है हम कहाँके,भूल गये जगमें आके,पछताये दुख पाके ।।
कहता तुकड्यादास, रखले दो बाता ये पास ॥ वो तूने0 ।।३॥